Sunday 30th of August 2026

ब्रेकिंग

5 हजार रुपये की चालानी कार्रवाई

राष्ट्रीय श्रमजीवी पत्रकार परिषद के संभागीय सम्मेलन की तैयारी तेज

नरसिंहपुर जिले के जिम्मेदार जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी गण ध्यान दे, गाडरवारा क्षेत्र की अधिकांश सड़के मरम्मत लायक

जीवन एक रहस्य है, समस्या नहीं; आत्मचिंतन से करें उसका उद्घाटन

आओ इस बार भुजरियों को,सिर्फ रस्म बनकर न जाने दें, इनकी हरियाली के साथ , रिश्तों में भी हरियाली आने दें।

: सिहोरा से असहयोग वालो को अब सहयोग नहीं लक्ष्य जिला सिहोरा आंदोलन समिति की पत्रकार वार्ता

Aditi News Team

Sun, Oct 8, 2023
अनिल जैन, सिहोरा,  सिहोरा जिला विरोधियों को सबक सिखाने मतदान करे सिहोरावासी सिहोरा से असहयोग वालो को अब सहयोग नहीं लक्ष्य जिला सिहोरा आंदोलन समिति की पत्रकार वार्ता  सिहोरा - पिछले दो वर्षो मे अनेक लोकतांत्रिक तरीको का प्रयोग कर सिहोरा वासियों ने सिहोरा जिला की जनभावना को सामने रखने का प्रयास किया परंतु सिहोरा भाजपा संगठन,सिहोरा विधायक और जबलपुर सांसद ने कोई तवज्जो नहीं दी।हम सिहोरा वासियों से अपील करते है कि अब वह ऐसे सिहोरा विरोधियों को सबक सिखाने के लिए विधानसभा चुनाव में अपने मत का प्रयोग करे।यह बात लक्ष्य जिला सिहोरा आंदोलन समिति ने रविवार को सिहोरा में आयोजित पत्रकार वार्ता में कही। दो वर्ष के आंदोलन का ब्योरा रखा -  समिति के विकास दुबे ने पत्रकार वार्ता के प्रारंभ में 3 अक्टूबर 2021 से लेकर वर्तमान तक लक्ष्य जिला सिहोरा आंदोलन समिति द्वारा किए गए आंदोलन का विस्तृत विवरण पेश किया जिसमें उन्होंने विशेष रूप से दो बार खून के दीए जलाने, अपने खून से महामहिम राज्यपाल और मुख्यमंत्री को पत्र लिखने, सामूहिक मुंडन कराने, विशाल रैली एवं बंद करने,अर्धनग्न प्रदर्शन करने और मशाल जुलूस जैसे आयोजनों का विवरण प्रस्तुत किया। भाजपा ने नही दिया साथ समिति के सुशील जैन ने पत्रकार वार्ता में कहा कि समिति द्वारा सदैव भाजपा संगठन सिहोरा विधायक नंदनी मरावी और सांसद राकेश सिंह का सहयोग लेकर सिहोरा जिला पाने का प्रयास किया गया। लेकिन सिहोरा भाजपा संगठन और विधायक सांसद के द्वारा किसी भी स्तर पर किसी भी प्रकार का सहयोग नहीं किया गया। भाजपा संगठन द्वारा तो सिहोरा जिला की बैठकों तक का बहिष्कार किया गया है ।विधायक सांसद जैसे जिम्मेदार जनप्रतिनिधि होते हुए भी एक पत्र भी मुख्यमंत्री को लिखना उचित नहीं समझा।अपने इस व्यवहार से भारतीय जनता पार्टी ने यह स्पष्ट कर दिया है कि उसकी एजेंडे में सिहोरा जिला नहीं है।हम दावे से कहते है की भाजपा सिहोरा जिला विरोधी पार्टी है। जिला विरोधियों को वोट की चोट और असहयोग - समिति के कृष्ण कुमार कुररिया ने कहा कि अब जबकि सारे चेहरे बेनकाब हो चुके हैं हम आने वाले चुनाव में सिहोरा वासियों से अपील करेंगे कि वह सिहोरा जिला के विरोधियों को अपने वोट की ताकत से सबक सिखाएं ।हम सिहोरा वासियों से अपील करेंगे कि वह भाजपा के विरोध में मतदान करें और सिहोरा को जिला बनाने वाली शक्तियों की समर्थन में अपने मताधिकार का प्रयोग करें। समिति के संतोष पांडे ने कहा कि सिहोरा ने सदैव अपने पड़ोसी क्षेत्रों मझौली और बहोरीबंद को अपना हिस्सा मानकर जिला की मांग की है परंतु इन दोनों ही क्षेत्रों के विधायकों ने सिहोरा जिला के समर्थन में कोई कदम नहीं उठाया है। इन दोनों ही क्षेत्र के विधानसभा चुनाव में सिहोरा वासियों की महत्वपूर्ण भूमिका रहती है ।लक्ष्य जिला सिहोरा आंदोलन समिति ने सभी सिहोरा वासियों से आगामी चुनाव में इन दोनों ही क्षेत्र में सहयोग करने का आग्रह किया है। आंदोलन का स्वरूप बदला पर जारी रहेगा आंदोलन- लक्ष्य जिला सिहोरा आंदोलन समिति के ऋषभ द्विवेदी ने कहा कि चूंकि आचार संहिता लग रही है इसलिए प्रत्यक्ष रूप से आंदोलन नहीं किया जा सकता है।आज से हम अपने आंदोलन का स्वरूप बदल रहे हैं अब हम प्रत्येक घर-घर में संपर्क करके जनता को उसके वोट की ताकत का एहसास करा कर उसे सिहोरा के सम्मान की रक्षा के लिए मतदान करने का आग्रह करेंगे। और एक बार पुनः नई सरकार के गठन के साथ ही यह आंदोलन प्रत्यक्ष रूप में इसी रूप में प्रारंभ होगा। कल हुई पत्रकार वार्ता में समिति के अनिल जैन, रामजी शुक्ला,रमाशंकर चौरसिया,संतोष वर्मा,नवीन शुक्ला,प्रदीप दुबे,सुधीर अवस्थी,अमित बक्शी,अजय विश्वकर्मा सहित अनेक समिति सदस्य मौजूद रहे।

Tags :

जरूरी खबरें